अंबरनाथ- उल्हासनगर का ‘ब्लैक किंग’: तड़ीपार होने के बाद भी भाजपा नगरसेवक के संरक्षण में सागर पाटिल का ‘जंगलराज’, RTI ने खोला खूनी इतिहास!

शौर्य टाईम्स : नीतू विश्वकर्मा
अंबरनाथ/उल्हासनगर: महाराष्ट्र के ठाणे जिले में कानून की धज्जियां उड़ाता एक ऐसा नाम सामने आया है जिसने पूरे सिस्टम को कटघरे में खड़ा कर दिया है। सागर लक्ष्मण पाटिल, जिसे कागजों पर ‘तड़ीपार’ (Externed) घोषित किया गया है, वह न केवल अंबरनाथ की सड़कों पर खुलेआम घूम रहा है, बल्कि सोशल मीडिया पर अपनी दबंगई के वीडियो वायरल कर खाकी को सीधी चुनौती दे रहा है। सूचना के अधिकार (RTI) से प्राप्त आधिकारिक दस्तावेजों ने इस ‘गैंगस्टर’ के खौफनाक साम्राज्य का पर्दाफाश किया है।
RTI का सबसे बड़ा धमाका: हत्या और डकैती का ‘महा-रिकॉर्ड’
पुलिस स्टेशनों से मिले आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, सागर पाटिल के खिलाफ दर्ज संगीन मुकदमों की सूची रोंगटे खड़े करने वाली है:
- हत्या का मुख्य आरोपी (धारा 302): शिवाजीनगर पुलिस स्टेशन में सागर पाटिल के विरुद्ध हत्या, अपहरण और आपराधिक साजिश रचने का संगीन मामला दर्ज है (गु.र.नं. 225/2015)।
- कातिलाना हमला (धारा 307): हिललाईन पुलिस स्टेशन में दर्ज मामले के अनुसार, सागर पर हत्या के प्रयास जैसी गंभीर धारा के तहत केस चल रहा है (गु.र.नं. 1275/2020)।
- अपहरण और डकैती का जाल: सागर के विरुद्ध धारा 392 (डकैती), 363 (अपहरण), और 395 (डकैती के लिए गिरोह बनाना) के तहत कई एफआईआर (FIR) दर्ज हैं।
- लोहे की रॉड और चॉपर का आतंक: वारदातों के दौरान वह लोहे की रॉड और चॉपर जैसे घातक हथियारों का उपयोग करने के लिए कुख्यात है।

🚩 ‘माननीय’ का वरदहस्त: क्या पुलिस उसकी जेब में है?
सूत्रों और स्थानीय शिकायतों के अनुसार, सागर पाटिल के एक सक्रिय भाजपा नगरसेवक के साथ करीबी पारिवारिक रिश्ते हैं, जो उसका असली ‘रक्षक’ बना हुआ है। इसी राजनीतिक कवच के कारण सागर सरेआम कहता है— “पैसा और पावर है, पुलिस मेरी जेब में है, कोई मुझे हाथ भी नहीं लगा सकता।” तड़ीपार होने के बावजूद उसका बेखौफ अंदाज और सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरें आम जनता के बीच पुलिस के इकबाल पर सवाल खड़ा कर रही हैं।
🏚️ बंगले पर ‘टॉर्चर रूम’: पीड़ितों की आपबीती
RTI दस्तावेजों में पीड़ितों के बयान किसी हॉरर फिल्म की तरह हैं:
- अगवा कर बंधक बनाना: पीड़ित कमलेश गालेलु के बयान के अनुसार, आरोपियों ने उसे जबरन बाइक पर बिठाया और सागर पाटिल के दुर्गापाडा स्थित बंगले की पहली मंजिल पर ले जाकर बंधक बनाकर बेरहमी से पीटा।
- ज़मीन और मकान हड़पना: अविनाश नाईक नामक व्यक्ति के घर पर सागर ने जबरन कब्जा कर अपना किराएदार बिठा दिया और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी।
- खौफनाक चुनौती: वह अक्सर पीड़ितों को चुनौती देता है— “तुझे अपनी ही ज़मीन पर एक ईंट भी नहीं लगाने दूँगा, जो करना है कर ले”।
🔍 शौर्य टाइम्स का बड़ा खुलासा जल्द!
समाज में कैंसर की तरह फैलते इस अपराधी के पीछे असली चेहरा किस ‘माननीय’ नगरसेवक का है? ‘शौर्य टाइम्स’ बहुत जल्द उस सफेदपोश नेता के नाम और सागर पाटिल के उन वायरल वीडियो का पर्दाफाश करेगा जो शासन और प्रशासन की नाक के नीचे चल रहे इस ‘जंगलराज’ का सबसे बड़ा प्रमाण हैं।
क्या ठाणे पुलिस इस तड़ीपार गुंडे और उसके राजनीतिक आकाओं पर ‘कड़क’ कार्रवाई करेगी? या सत्ता के दबाव में कानून इसी तरह दम तोड़ता रहेगा?










