उल्हासनगर में ईद-उल-अजहा शांतिपूर्ण माहौल में सम्पन्न, मुस्लिम समाज ने दिया भाईचारे और एकता का संदेश

शौर्य टाईम्स : नीतू विश्वकर्मा
हजारों लोगों ने अदा की ईद की नमाज़, अमन-शांति और देश की तरक्की के लिए मांगी दुआएं
उल्हासनगर शहर में आज ईद-उल-अजहा (बकरा ईद) का पावन पर्व बड़े ही शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और धार्मिक उल्लास के वातावरण में मनाया गया। शहर की विभिन्न मस्जिदों, ईदगाहों और कब्रिस्तानों में सुबह से ही मुस्लिम समाज के लोगों की भारी भीड़ देखने को मिली, जहां हजारों अकीदतमंदों ने सामूहिक रूप से ईद की नमाज़ अदा की और देश में अमन, शांति, भाईचारा तथा खुशहाली कायम रहने की दुआ मांगी।
नमाज़ के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी तथा समाज में प्रेम, इंसानियत और आपसी सौहार्द बनाए रखने का संदेश दिया। बच्चों और युवाओं में पर्व को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला।
पुलिस प्रशासन रहा पूरी तरह सतर्क
ईद-उल-अजहा के अवसर पर शहर में कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु पुलिस प्रशासन द्वारा व्यापक सुरक्षा इंतज़ाम किए गए थे। संवेदनशील इलाकों, प्रमुख चौक-चौराहों, मस्जिदों और धार्मिक स्थलों पर पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों की विशेष तैनाती की गई थी। पुलिस की सतर्कता और नागरिकों के सहयोग से पूरे दिन शहर का माहौल शांतिपूर्ण बना रहा।
मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने पुलिस प्रशासन, महानगरपालिका प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग तथा अन्य सरकारी विभागों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रशासन के सहयोग और जनता की समझदारी से पर्व शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न हुआ।
कुर्बानी को लेकर जारी की गई थी विशेष गाइडलाइन
उल्हासनगर मुस्लिम समाज की ओर से पहले ही कुर्बानी को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए थे। इसमें स्वच्छता बनाए रखने, सार्वजनिक स्थानों पर किसी प्रकार की असुविधा न होने देने, पड़ोसियों की भावनाओं का सम्मान करने तथा सभी धर्मों के प्रति आदर बनाए रखने की अपील की गई थी।
समाज के लोगों ने इन निर्देशों का पालन करते हुए अपने-अपने घरों में शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से कुर्बानी अदा की तथा सामाजिक जिम्मेदारी का परिचय दिया। कई स्थानों पर सफाई व्यवस्था और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का भी विशेष ध्यान रखा गया।
ईद-उल-अजहा देती है त्याग और इंसानियत का संदेश
मुस्लिम समाज के धर्मगुरुओं और सामाजिक प्रतिनिधियों ने कहा कि ईद-उल-अजहा केवल धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि त्याग, बलिदान, इंसानियत, प्रेम और सामाजिक एकता का प्रतीक है। यह पर्व लोगों को जरूरतमंदों की मदद करने, आपसी मतभेद भुलाकर भाईचारे के साथ रहने और समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने की प्रेरणा देता है।
सभी नागरिकों को दी गई ईद की मुबारकबाद
उल्हासनगर मुस्लिम समाज की ओर से शहर के सभी नागरिकों को ईद-उल-अजहा की दिली मुबारकबाद पेश की गई। साथ ही शहर में शांति, भाईचारा और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने में सहयोग देने वाले हर नागरिक, सामाजिक संगठन और प्रशासनिक अधिकारियों का विशेष धन्यवाद व्यक्त किया गया।
“ईद का असली संदेश इंसानियत, मोहब्बत और आपसी सम्मान है।”




